मैं और मेरी दोनों बहने अपने भाई से चुदवाई

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मेरी उम्र 27 साल है और मैं तीनों बहनों में सबसे बड़ी हूं। मेरी हाइट 5 फुट 6 इंच है और मेरा बदन एकदम घाघरे की तरह है।

मेरे बूब्स 36 साइज के हैं, पूरे गोल और उभरे हुए, जिनके निप्पल गुलाबी और हमेशा खड़े रहते हैं। मेरी कमर 32 इंच की है और मेरी गांड 38 इंच की बड़ी और उभरी हुई है।

मेरा चेहरा एकदम फेयर और बॉलीवुड एक्ट्रेस की तरह खूबसूरत है, लंबे काले बाल जो मेरी कमर तक जाते हैं।

मेरी बीच वाली बहन लैला 24 साल की है। उसकी हाइट 5 फुट 5 इंच है। उसके बूब्स 34 साइज के हैं, लेकिन एकदम टाइट और उभरे हुए।

उसके निपल्स छोटे और गुलाबी हैं जो हमेशा उत्तेजना में खड़े रहते हैं। उसकी कमर 30 इंच की बहुत पतली है और गांड 36 इंच की गोल और मटकाऊ है।

लैला का चेहरा एकदम शरारती और मासूम है, लेकिन आंखों में हमेशा एक अजीब सी चाहत रहती है।

सबसे छोटी बहन आराध्या 21 साल की है। वह 5 फुट 4 इंच की है और उसका बदन एकदम कसा हुआ और जवान है।

उसके बूब्स 32 साइज के हैं, लेकिन बहुत ही टाइट और उभरे हुए। उसके निप्पल गहरे गुलाबी रंग के हैं और बहुत संवेदनशील हैं।

उसकी कमर सिर्फ 28 इंच की है और गांड 34 इंच की छोटी लेकिन बहुत गोल और उभरी हुई है।

आराध्या का चेहरा एकदम मासूम और क्यूट है, लेकिन उसमें भी एक अद्भुत कामुकता भरी हुई है।

अब बात करते हैं हमारे भाई गौतम की। उसकी उम्र 19 साल है और वह हाइट में 6 फुट का है।

उसका बदन एकदम एथलेटिक और मस्कुलर है, चौड़ी छाती और सिक्स पैक एब्स।

लेकिन सबसे खास बात है उसका लंड – वह पूरे 11 इंच का है और मोटाई में इतना कि एक लड़की का हाथ भी पूरा नहीं आता।

उसका लंड काले रंग का, नसों से भरा हुआ और हमेशा खड़ा रहने वाला है। उसके अंडकोश बड़े-बड़े और भारी हैं जो बहुत सारा वीर्य बनाते हैं।

यह बात उस समय की है जब हम तीनों बहनें घर पर अकेली थीं। मम्मी-पापा किसी रिश्तेदारी में गए हुए थे और गौतम अपने कॉलेज से आने वाला था।

हम तीनों बहनें ड्राइंग रूम में बैठी थीं और बातें कर रही थीं।

मैंने लैला से कहा, “दीदी, तुम्हें नहीं लगता कि हम तीनों इतनी खूबसूरत होने के बावजूद अकेले हैं? हमारा कोई बॉयफ्रेंड नहीं है और हमारी बॉडी की भूख कोई नहीं मिटा रहा।”

लैला ने साइडी ठीक करते हुए कहा, “हां बबिता, मैं भी यही सोच रही थी। रात-रात भर मेरी बुर में आग लगी रहती है और कोई ऐसा नहीं है जो इसे ठंडा कर सके।”

आराध्या शरमा कर बोली, “दीदी, मैं भी बहुत परेशान हूं। मेरे निप्पल हमेशा खड़े रहते हैं और अंदर कुछ कुछ होता रहता है।”

तभी मेरे दिमाग में एक ख्याल आया।

मैंने धीरे से कहा, “सुनो, हमारे घर में तो एक मर्द है जो हमसे छोटा है लेकिन देखने में बहुत हैंडसम है।”

“कौन?” लैला ने पूछा।

“गौतम,” मैंने धीरे से कहा।

दोनों बहनें चौंक गईं।

लेकिन फिर लैला ने कहा, “लेकिन वह तो हमारा भाई है।”

“तो क्या हुआ?” मैंने कहा, “वह 19 साल का जवान लड़का है और हम तीनों उसकी बहनें हैं जो उससे बड़ी हैं। अगर हम चाहें तो यह रिश्ता बहुत खूबसूरत बन सकता है। घर की बात घर में रहेगी, कोई बाहर नहीं जाने वाला। और सोचो, रोज-रोज चुदाई मिलेगी बिना किसी टेंशन के।”

आराध्या ने अपने बूब्स को सहलाते हुए कहा, “लेकिन वह मानेगा?”

“अरे बेवकूफ, कोई भी लड़का अपनी तीन खूबसूरत बहनों को नहीं छोड़ेगा जो उसे खुद ऑफर कर रही हों,” मैंने समझाया।

हम तीनों ने प्लान बनाया। हमने तय किया कि आज रात जब गौतम आएगा तो हम उसे ऐसा माहौल देंगे कि वह खुद हमारी तरफ आकर्षित हो जाएगा।

शाम को जब गौतम कॉलेज से आया तो उसने देखा कि हम तीनों ने बहुत ही छोटे-छोटे कपड़े पहने हुए हैं।

मैंने एक गहरे गले वाली नाइटी पहनी थी जिससे मेरे 36 साइज के बूब्स और गहरी क्लीवेज दिख रही थी।

लैला ने शॉर्ट्स और टॉप पहना था जिससे उसकी पतली कमर और गोल गांड साफ दिख रही थी।

आराध्या ने एक छोटी स्कर्ट और टाइट टी-शर्ट पहनी थी जिससे उसके छोटे लेकिन टाइट बूब्स उभर रहे थे।

गौतम ने जब हमें देखा तो उसकी आंखें फटी रह गईं। वह हमें घूरता रहा और उसके पैंट में एकदम से तंबू बन गया।

हमने नोटिस किया कि उसका लंड खड़ा हो गया था।

रात के खाने में हमने गौतम के लिए उसका पसंदीदा खाना बनाया और उसे थोड़ी शराब भी दी।

शराब के नशे में वह थोड़ा खुल गया। मैंने मौके का फायदा उठाया और उसके पास बैठ गई। मेरे बूब्स उसकी बांह को छू रहे थे।

“गौतम, तुम इतने हैंडसम हो गए हो,” मैंने उसके बालों में हाथ फेरते हुए कहा।

“थैंक्स दीदी,” वह शरमा गया।

लैला भी आ गई और उसके दूसरी तरफ बैठ गई। “हम तीनों तुमसे कुछ कहना चाहती हैं,” लैला ने कहा।

“क्या?” गौतम ने पूछा।

मैंने उसका हाथ पकड़ा और अपने बूब्स पर रख दिया। “देखो गौतम, हम तीनों बहनें बहुत अकेली हैं। हमारी बॉडी को प्यार की जरूरत है। और हमने सोचा कि क्यों ना यह प्यार हम अपने घर में ही लें। तुम हमारे भाई हो, हमें तुम पर पूरा भरोसा है।”

गौतम की सांसें तेज हो गईं। उसका हाथ मेरे बूब्स पर था और वह उन्हें दबाने लगा।

“दीदी, यह ठीक होगा?” उसने पूछा।

“बिल्कुल ठीक होगा,” आराध्या आकर बोली और उसके गाल पर चूम लिया।

उस रात हमने गौतम को अपने बीच में ले लिया। वह पहले तो हिचकिचाया, लेकिन जब हम तीनों ने उसे प्यार से समझाया तो वह मान गया।

उसने कहा, “मैं भी हमेशा से तुम तीनों को देखकर उत्तेजित होता था, लेकिन डरता था कि कहीं तुम नाराज ना हो जाओ।”

अगले दिन से हमारी जिंदगी बदल गई। हमने एक नियम बनाया कि रात के समय हम सब एक ही बेडरूम में सोएंगे।

गौतम का बेडरूम सबसे बड़ा था इसलिए हम वहां शिफ्ट हो गए।

पहली रात बहुत रोमांटिक थी। हमने कमरे को मोमबत्तियों से सजाया। गौतम ने हम तीनों को सोफे पर बैठाया और एक-एक करके हमारे पैरों में लोशन लगाया।

उसके हाथ बहुत नरम थे और जब वह मेरे पैरों को सहला रहा था तो मेरी बुर में पानी आने लगा।

“दीदी, तुम्हारे पैर बहुत सुंदर हैं,” गौतम ने कहा और मेरे पैर के अंगूठे को चूम लिया।

फिर वह लैला के पास गया। उसने लैला के पैरों पर लोशन लगाया और धीरे-धीरे उसके जांघों तक हाथ बढ़ा दिया।

लैला ने अपनी आंखें बंद कर लीं और मजे लेने लगी। “उम्म… गौतम, और ऊपर,” लैला ने कहा।

गौतम ने लैला की शॉर्ट्स के अंदर हाथ डाल दिया। “ओह… दीदी, तुम तो बहुत गीली हो,” गौतम ने कहा।

“हां, तुम्हारे लिए,” लैला ने शरमा कर कहा।

फिर गौतम आराध्या के पास गया। आराध्या सबसे छोटी थी इसलिए गौतम उसे बहुत प्यार से ट्रीट कर रहा था।

उसने आराध्या की स्कर्ट ऊपर उठाई और उसकी सफेद पैंटी देखी।

“छोटी दीदी, तुम तो बहुत क्यूट हो,” गौतम ने कहा और उसकी पैंटी के ऊपर से ही उसकी बुर को सहलाया।

आराध्या ने “आह…” की आवाज निकाली।

गौतम ने हम तीनों को खड़ा किया और एक-एक करके हमारे कपड़े उतारने शुरू किए।

सबसे पहले उसने मेरी नाइटी उतारी। मैंने अंदर ब्रा नहीं पहनी थी। जैसे ही नाइटी उतरी, मेरे 36 साइज के बूब्स बाहर आ गए।

वह पूरे गोल, सफेद और उभरे हुए थे। बीच में गुलाबी निप्पल खड़े हुए थे।

“वाह दीदी, क्या बूब्स हैं तुम्हारे,” गौतम ने कहा और मेरे बूब्स को दोनों हाथों से पकड़ लिया।

उसने मेरे निप्पलों को अपनी उंगलियों से मसलना शुरू किया। “उम्म… गौतम, और जोर से,” मैंने कहा।

गौतम ने मेरे एक बूब्स को मुंह में ले लिया और चूसने लगा। उसकी जीभ मेरे निप्पल पर घूम रही थी।

दूसरे हाथ से वह दूसरे बूब्स को दबा रहा था। मैं तो स्वर्ग में थी। मेरे दूध उसके मुंह में जा रहे थे और वह चूसे जा रहा था।

“और जोर से चूसो… मेरे निप्पल काट लो,” मैंने उत्तेजना में कहा।

गौतम ने मेरे निप्पल को दांतों से काट लिया। दर्द और मजा दोनों एक साथ हो रहे थे। मेरी बुर पूरी तरह से गीली हो चुकी थी।

फिर वह लैला के पास गया। उसने लैला का टॉप उतारा। लैला ने ब्रा पहनी थी। गौतम ने ब्रा के ऊपर से ही उसके बूब्स को दबाना शुरू किया।

“दीदी, तुम्हारे बूब्स बहुत टाइट हैं,” गौतम ने कहा।

“हां, इन्हें खोलो और चूसो,” लैला ने कहा।

गौतम ने लैला की ब्रा खोली। उसके 34 साइज के बूब्स बाहर आ गए। वह थोड़े छोटे थे लेकिन बहुत ही गोल और उभरे हुए थे।

निपल्स छोटे-छोटे गुलाबी थे। गौतम ने दोनों बूब्स को पकड़ा और बारी-बारी से चूसने लगा।

वह एक बूब्स को मुंह में लेता और दूसरे को हाथ से मसलता। लैला की सांसें तेज हो गईं।

“आह… गौतम… मेरे निप्पल काटो… बहुत मजा आ रहा है,” लैला कराहने लगी।

गौतम ने लैला के निप्पलों को काट लिया। लैला ने अपने हाथ उसके सिर पर रख दिए और उसे अपने बूब्स पर दबाने लगी।

अब बारी थी आराध्या की। गौतम ने उसकी टी-शर्ट उतारी। आराध्या ने भी ब्रा नहीं पहनी थी।

उसके 32 साइज के छोटे लेकिन एकदम टाइट बूब्स दिखे। निप्पल गहरे गुलाबी और छोटे थे। गौतम ने उसके बूब्स को हाथ में लिया और धीरे से दबाया।

“छोटी दीदी, तुम्हारे बूब्स तो एकदम नरम हैं,” गौतम ने कहा।

“प्लीज गौतम, इन्हें चूसो… मुझे बहुत तड़प हो रही है,” आराध्या ने कहा।

गौतम ने आराध्या के निप्पल को मुंह में लिया और धीरे से चूसना शुरू किया। आराध्या बहुत संवेदनशील थी, वह तुरंत ही कांपने लगी।

“उम्म… हां… और जोर से,” वह बोली।

अब गौतम ने हमारे निचले कपड़े उतारने शुरू किए। उसने पहले मेरी पैंटी खींची। मेरी सफेद पैंटी पूरी गीली हो चुकी थी।

जैसे ही पैंटी उतरी, मेरी बुर दिखी। मैंने अपनी बुर साफ शेव की हुई थी। वह एकदम गुलाबी और चिकनी थी। बीच में छोटी सी दरार जो पानी से तर थी।

“वाह दीदी, क्या बुर है तुम्हारी,” गौतम ने कहा और मेरी बुर पर हाथ फेरा।

मैं कांप उठी। उसने मेरी बुर की फांकों को अलग किया और अंदर का गुलाबी हिस्सा देखा। “दीदी, तुम तो बहुत गीली हो,” उसने कहा।

“तुम्हारे लिए हूं गौतम… चलो अब अपना लंड दिखाओ,” मैंने कहा।

गौतम ने अपनी पैंट उतारी। उसका अंडरवियर तंबू बना हुआ था।

जैसे ही उसने अंडरवियर उतारा, उसका 11 इंच का विशालकाय लंड बाहर आया। वह काला, मोटा और नसों से भरा हुआ था। उसके अंडकोश बड़े-बड़े थे जो वीर्य से भरे हुए थे।

“ओह माई गॉड… इतना बड़ा लंड,” लैला चिल्लाई।

“हम तीनों को यही चाहिए था,” आराध्या ने कहा।

मैंने उसके लंड को हाथ में लिया। वह बहुत गरम था और कांप रहा था।

मैंने उसके लंड की त्वचा को पीछे किया और लाल टोप दिखाई दी।

“गौतम, तुम्हारा लंड तो बहुत खूबसूरत है,” मैंने कहा और उस पर एक चूम्मी दी।

गौतम ने मुझे बेड पर लिटाया। मैंने अपने पैर फैला दिए। मेरी बुर पूरी तरह से खुली हुई थी और पानी से तर थी।

गौतम मेरे ऊपर आया और उसने अपने लंड का टोपा मेरी बुर के मुंह पर रखा।

“धीरे से डालना गौतम… मैं कुछ दिनों से नहीं चुदी हूं,” मैंने कहा।

गौतम ने धीरे से धक्का लगाया। उसका लंड का टोपा अंदर घुस गया।

मुझे थोड़ा दर्द हुआ लेकिन ज्यादा पानी होने की वजह से वह आसानी से अंदर जा रहा था।

“उम्म… और अंदर डालो,” मैंने कहा।

गौतम ने एक जोर का धक्का लगाया और उसका आधा लंड मेरी बुर में घुस गया।

मेरी बुर फटने लगी। वह 11 इंच का था और मेरी बुर उसे पूरी तरह से नहीं ले पा रही थी।

“आह… गौतम… रुको थोड़ी देर… मेरी बुर फट रही है,” मैंने कहा।

गौतम रुक गया और मेरे बूब्स को चूसने लगा। कुछ देर बाद जब मैं ढीली हो गई तो उसने फिर से धक्का लगाया।

इस बार उसका पूरा लंड मेरी बुर में घुस गया। उसके अंडकोश मेरी गांड से टकरा रहे थे।

“ओह… ये क्या है… इतना अंदर… मैं तो स्वर्ग में हूं,” मैंने कहा।

गौतम ने धीरे-धीरे धक्के लगाने शुरू किए। उसका लंड मेरी बुर में अंदर-बाहर हो रहा था। हर धक्के के साथ मैं कराह उठती।

“आह… हां… और जोर से… मेरी बुर फाड़ दो,” मैंने कहा।

गौतम ने स्पीड बढ़ा दी। वह जोर-जोर से धक्के लगाने लगा। मेरी बुर से चपचप की आवाजें आ रही थीं।

मेरे बूब्स उछल रहे थे और गौतम उन्हें पकड़कर दबा रहा था।

“दीदी, तुम्हारी बुर बहुत टाइट है… मजा आ रहा है,” गौतम ने कहा।

“हां… और चोदो… मुझे पूरा अपना बना लो,” मैंने कहा।

गौतम ने मेरे पैर अपने कंधों पर रखे और और जोर से धक्के लगाने लगा।

उसका लंड मेरी बुर की सबसे गहरी जगह तक जा रहा था। मुझे ऐसा लग रहा था जैसे मेरी बुर में आग लग गई हो।

“मैं झड़ने वाली हूं… और जोर से… आह…” मैंने चिल्लाया।

गौतम ने और जोर से धक्के लगाए और मैं झड़ गई। मेरी बुर ने पानी छोड़ दिया जो गौतम के लंड पर लग गया।

गौतम ने अपना लंड बाहर निकाला और लैला की तरफ देखा।

लैला बेड पर आ गई और कुत्तिया की तरह हो गई। उसने अपनी गांड उठाई और अपनी बुर दिखाई।

गौतम ने उसकी बुर पर थूका और अपने लंड को सहलाया। फिर उसने एक ही धक्के में अपना पूरा लंड लैला की बुर में घुसा दिया।

“आह… इतना बड़ा… मेरी बुर फट गई,” लैला चिल्लाई।

गौतम ने उसकी कमर पकड़ी और जोर-जोर से धक्के लगाने लगा। लैला की गांड उछल रही थी और उसके बूब्स नीचे लटक रहे थे।

गौतम ने एक हाथ आगे बढ़ाया और उसके निप्पलों को खींचना शुरू कर दिया।

“उम्म… हां… मेरे निप्पल खींचो… और मेरी बुर चोदो,” लैला कराह रही थी।

गौतम ने और जोर से धक्के लगाए। लैला की बुर से आवाजें आ रही थीं “चप चप चप”। गौतम का लंड पूरी तरह से अंदर-बाहर हो रहा था।

लैला के मुंह से झड़ने की आवाजें निकल रही थीं।

“मैं झड़ गई… उम्म… और जोर से चोदो,” लैला ने कहा।

गौतम ने उसे लिटाया और पीछे से उसकी बुर में लंड डाला। अब वह लैला के ऊपर लेट गया और उसके बूब्स को पकड़कर दबाने लगा।

लैला ने अपना सिर पीछे किया और गौतम को किस करने लगी।

“मेरे दूध पियो… मेरे निप्पल काटो,” लैला ने कहा।

गौतम ने उसके बूब्स को चूसना शुरू किया और निप्पलों को काट लिया। लैला दर्द और मजे से कराह उठी।

अब बारी थी आराध्या की। वह सबसे छोटी थी इसलिए गौतम उसे बहुत प्यार से चोदना चाहता था।

उसने आराध्या को बेड पर लिटाया और उसके पैर फैलाए। आराध्या की बुर छोटी थी और बहुत टाइट लग रही थी।

“छोटी दीदी, थोड़ा दर्द होगा लेकिन फिर मजा आएगा,” गौतम ने कहा।

“हां गौतम, डालो अपना लंड… मैं सहन कर लूंगी,” आराध्या ने कहा।

गौतम ने धीरे से अपने लंड का टोपा उसकी बुर पर रखा और धीरे से धक्का लगाया।

आराध्या की बुर बहुत टाइट थी। गौतम का लंड मुश्किल से अंदर जा रहा था।

“उम्म… थोड़ा और अंदर,” आराध्या ने कहा।

गौतम ने एक जोर का धक्का लगाया और उसका आधा लंड अंदर घुस गया। आराध्या की आंखों से आंसू आ गए।

गौतम ने रुककर उसके बूब्स को चूसना शुरू किया। कुछ देर बाद जब आराध्या शांत हुई तो उसने बाकी का लंड भी अंदर डाल दिया।

“आह… इतना अंदर… मेरी बुर पूरी भर गई,” आराध्या ने कहा।

गौतम ने धीरे-धीरे धक्के लगाने शुरू किए। आराध्या की बुर से खून निकल रहा था लेकिन वह मजे ले रही थी।

गौतम ने उसके निप्पलों को मसलना शुरू किया और जोर-जोर से धक्के लगाने लगा।

“हां… और जोर से… मेरी बुर फाड़ दो… मुझे अपनी रखैल बना लो,” आराध्या ने कहा।

गौतम ने और स्पीड बढ़ा दी। वह जोर-जोर से आराध्या की बुर चोदने लगा। आराध्या के बूब्स उछल रहे थे और गौतम उन्हें पकड़े हुए था।

“मैं झड़ने वाली हूं… उम्म… और जोर से,” आराध्या ने कहा।

गौतम ने कुछ और धक्के लगाए और आराध्या झड़ गई। उसकी बुर ने पानी छोड़ दिया।

अब गौतम ने हम तीनों को एक साथ लिया। मैं बीच में लेटी, लैला मेरे मुंह पर बैठी और आराध्या गौतम के नीचे।

गौतम ने एक-एक करके हम तीनों की बुर चोदी। वह मेरी बुर में लंड डालता, कुछ धक्के लगाता, फिर लैला की बुर में, फिर आराध्या की बुर में।

हम तीनों कराह रहे थे। लैला ने अपनी बुर मेरे मुंह पर रख दी और मैं उसकी बुर चाटने लगी।

आराध्या ने गौतम के अंडकोश चूसने शुरू कर दिए।

“उम्म… क्या मजा है… तीनों बहनें एक साथ,” गौतम ने कहा।

“हां… हम तुम्हारी हैं… हमेशा के लिए,” मैंने कहा।

गौतम ने मेरी बुर में और जोर से धक्के लगाए। उसका लंड पूरी तरह से अंदर-बाहर हो रहा था। मेरे बूब्स बहुत तेज उछल रहे थे।

“मैं झड़ने वाला हूं… कहां झाड़ूं?” गौतम ने पूछा।

“हमारे मुंह में… हम तुम्हारा वीर्य पिएंगे,” मैंने कहा।

गौतम ने अपना लंड बाहर निकाला और हम तीनों उसके सामने घुटनों पर बैठ गए।

उसने अपने लंड को हिलाना शुरू किया। कुछ ही देर में उसका गाढ़ा, सफेद वीर्य निकलना शुरू हुआ।

वह पहले लैला के मुंह में झाड़ा, फिर आराध्या के मुंह में, फिर मेरे मुंह में। उसका वीर्य बहुत गाढ़ा और मीठा था।

हम तीनों ने उसका वीर्य पी लिया और उसके लंड को चूसकर साफ कर दिया।

उसके बाद से हमारी यह दिनचर्या बन गई। रोज रात को हम चारों एक साथ सोते और चुदाई करते।

गौतम हम तीनों को बारी-बारी से चोदता। कभी-कभी वह एक रात में तीनों की दो-दो बार चुदाई करता।

एक बार की बात है, सुबह-सुबह मैं बाथरूम में नहा रही थी। गौतम अंदर आ गया और उसने मुझे पीछे से पकड़ लिया। उसका लंड मेरी गांड पर था।

“सुबह-सुबह क्या कर रहे हो?” मैंने पूछा।

“सुबह का नाश्ता कर रहा हूं,” गौतम ने कहा और मेरी बुर में अपना लंड घुसा दिया।

मैं शावर के नीचे थी और गौतम मेरी बुर चोद रहा था। पानी हम दोनों पर गिर रहा था और गौतम के धक्के तेज होते जा रहे थे।

“उम्म… सुबह-सुबह की चुदाई… क्या बात है,” मैंने कहा।

गौतम ने मेरे बूब्स पकड़े और जोर-जोर से धक्के लगाए। उसने मेरी बुर में ही अपना वीर्य छोड़ दिया।

एक रात हमने त्रिपल चुदाई की। मैं नीचे लेटी, लैला मेरे ऊपर और गौतम पीछे से लैला की बुर में लंड डालकर बैठा।

आराध्या ने अपनी बुर मेरे मुंह पर रखी। इस तरह हम चारों जुड़े हुए थे।

गौतम लैला की बुर चोद रहा था और लैला मेरी बुर में उंगली कर रही थी। मैं आराध्या की बुर चाट रही थी।

हम चारों एक साथ झड़े। यह बहुत ही खूबसूरत पल था।

अब हमारा यह रिश्ता बहुत मजबूत हो गया है। हम तीनों बहनें अपने भाई से बहुत खुश हैं।

गौतम हम तीनों को बराबर प्यार देता है और हम उसे पूरा संतुष्ट करते हैं। हमारी बुरें उसके 11 इंच के लंड की दीवानी हो गई हैं और हम रोज उससे चुदवाती हैं।

यह थी मेरी कहानी, जिसमें मैं और मेरी दोनों बहनें अपने भाई गौतम से चुदवाती हैं।

यह एक खूबसूरत रिश्ता है जो हम चारों के बीच बहुत प्यार और संतुष्टि लेकर आया है। प्लीज कमेंट करके बताये की आपको हमारी चुदाई कैसी लगी?

नोट: यहां पोस्ट की गई सभी कहानियां केवल मनोरंजन के उद्देश्य से प्रस्तुत की गई हैं। कृपया इन्हें वास्तविक जीवन से जोड़कर न देखें। कहानी में दर्शाए गए किसी भी दृश्य, घटना या चित्र का वास्तविक जीवन में प्रयोग करना हानिकारक हो सकता है। इसके लिए न तो कहानी के लेखक और न ही प्रस्तुतकर्ता जिम्मेदार होंगे। इसलिए कृपया अपनी समझ, बुद्धि और विवेक का उपयोग करें।

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