my sexy mom become wife
FIRST PART: अंकल की वेश्या बनी संस्कारी माँ
दोस्तों, मेरा नाम विशाल है और यह मेरी माँ निर्मला और श्याम अंकल की कहानी का अंतिम भाग है।
जैसा कि मैंने पिछले भाग में बताया था, मेरी माँ और श्याम अंकल के बीच का रिश्ता अब एक नए मोड़ पर आ गया था।
मेरी माँ अब पूरी तरह से श्याम अंकल की हो चुकी थीं और वह उनसे बेहद प्यार करती थीं।
उस रात के बाद जब मम्मी रात के 12 बजे घर लौटीं, वह बहुत खुश और संतुष्ट दिख रही थीं।
मैंने देखा कि उनके चेहरे पर एक अलग ही चमक थी जो पहले कभी नहीं देखी थी।
उनकी आँखों में एक नई जान थी और वह बहुत खुश थीं।
मैंने उनसे पूछा, “मम्मी, आप इतनी देर कहाँ थीं?”
मम्मी ने कहा, “बेटा, अंकल के घर पर ही थी। हमें बातें करते करते देर हो गई।”
मैं जानता था कि वह सिर्फ बातें नहीं कर रही थीं।
मैंने खिड़की से सब कुछ देखा था।
लेकिन मैंने मम्मी से कुछ नहीं कहा क्योंकि मैं चाहता था कि मम्मी खुश रहें।
पापा ने उन्हें जो दुख दिए थे, उसके बाद मम्मी को यह हक था कि वह अपनी जिंदगी में खुश रहें।
अगले कुछ महीनों तक मम्मी और श्याम अंकल का रिश्ता और भी गहरा होता गया।
अंकल अब रोज़ नहीं आते थे बल्कि हफ्ते में 4-5 दिन आते थे।
लेकिन जब भी आते, वह मम्मी को पूरी रात चोदते और सुबह जल्दी चले जाते थे।
मम्मी अब और भी ज्यादा खुश रहने लगी थीं और उनका शरीर और भी ज्यादा ग्लो करने लगा था।
एक दिन मम्मी ने मुझसे बात की। वह बहुत गंभीर थीं।
उन्होंने कहा, “विशाल, बेटा, मुझे तुमसे कुछ ज़रूरी बात करनी है।”
मैंने कहा, “हाँ मम्मी, बोलिए।”
मम्मी ने कहा, “बेटा, तुम्हें पता है कि तुम्हारे पापा ने हमें छोड़ दिया है। उन्होंने 2 साल से घर खर्च भी नहीं दिया और ना ही हमारी कोई खबर ली।”
मैंने कहा, “हाँ मम्मी, मुझे पता है।”
मम्मी ने आगे कहा, “बेटा, मैं अब और अकेले नहीं रह सकती। मुझे एक साथी चाहिए जो मुझे प्यार करे और मेरी देखभाल करे। श्याम मुझे बहुत प्यार करते हैं और वह मुझसे शादी करना चाहते हैं।”
यह सुनकर मैं थोड़ा चौंका लेकिन फिर मैंने कहा, “मम्मी, अगर आप खुश हैं तो मुझे कोई प्रॉब्लम नहीं है। आप जो चाहें वो कर सकती हैं। मैं आपके साथ हूँ।”
मम्मी की आँखों में आँसू आ गए और उन्होंने मुझे गले लगा लिया।
वह बोलीं, “तुम मेरे अच्छे बेटे हो। मैं तुम्हारे पापा से तलाक ले लूँगी और श्याम से शादी कर लूँगी।”
उसी महीने मम्मी ने पापा को तलाक का नोटिस भेजा।
पापा ने कोई विरोध नहीं किया क्योंकि वह खुद ही किसी दूसरी औरत के साथ रह रहे थे।
6 महीने के अंदर तलाक हो गया और मम्मी आज़ाद हो गईं।
श्याम अंकल और मम्मी की शादी एक साधारण तरीके से हुई।
कोर्ट मैरिज हुई और फिर घर पर एक छोटी सी पार्टी हुई।
मैंने भी इस शादी में हिस्सा लिया और मैं खुश था कि मम्मी को उनका प्यार मिल गया था।
श्याम अंकल अब मेरे स्टेप-फादर बन गए थे लेकिन मैं उन्हें अंकल ही बुलाता था।
शादी के बाद श्याम अंकल हमारे घर में ही रहने लगे।
अब वह रोज़ रात को मम्मी के कमरे में सोते थे और मम्मी को पूरी रात चोदते थे।
मैं अक्सर रात को उनकी आवाजें सुनता था।
मम्मी जोर-जोर से चिल्लाती थीं, “ओह श्याम, और जोर से चोदो… मैं तुम्हारी हूँ… फाड़ दो मेरी चूत…”
यह सुनकर मेरा भी लंड खड़ा हो जाता था लेकिन मैं समझता था कि यह उनकी निजी जिंदगी है।
3 महीने बाद एक दिन मम्मी ने बहुत खुश होकर मुझे बुलाया।
वह बोलीं, “विशाल, तुम्हें एक खुशखबरी देनी है। मैं माँ बनने वाली हूँ। श्याम का बच्चा मेरे पेट में है।”
यह सुनकर मैं पहले तो थोड़ा अजीब महसूस किया लेकिन फिर मैंने सोचा कि यह अच्छी बात है।
मम्मी को एक नया बच्चा मिलेगा और हमारा परिवार पूरा होगा।
मैंने मम्मी को बधाई दी और कहा, “मम्मी, मैं इस बच्चे को अपना छोटा भाई या बहन समझूँगा और उसे बहुत प्यार करूँगा।”
मम्मी की प्रेगनेंसी के दौरान श्याम अंकल ने उनका बहुत ख्याल रखा।
वह उन्हें डॉक्टर के पास ले जाते, उनके लिए अच्छा खाना लाते और रात को उन्हें बहुत प्यार करते।
हालांकि मम्मी के पेट में बच्चा था, लेकिन वह अभी भी श्याम अंकल से चुदवाती थीं।
वह कहती थीं कि डॉक्टर ने कहा है कि प्रेगनेंसी में सेक्स करना सेफ है।
मैंने एक बार खिड़की से देखा था कि मम्मी अपने 7वें महीने में भी श्याम अंकल से चुदवा रही थीं।
वह घोड़ी बनी हुई थीं और श्याम अंकल पीछे से उनकी चूत में लंड डाले हुए थे।
मम्मी का पेट बड़ा हो गया था लेकिन वह फिर भी चुदवा रही थीं।
वह बोल रही थीं, “और जोर से चोदो… मेरे बच्चे को भी महसूस होना चाहिए कि उसके पापा कितने मर्द हैं…”
9 महीने बाद मम्मी ने एक लड़के को जन्म दिया।
उसका नाम रखा गया आर्यन।
श्याम अंकल बहुत खुश थे क्योंकि उन्हें अपना खुद का बच्चा मिल गया था।
मम्मी भी बहुत खुश थीं।
अब हमारे घर में 4 लोग थे – मैं, मम्मी, श्याम अंकल और छोटा आर्यन।
मम्मी अब एक हैप्पी मैरिड वुमन थीं।
वह रोज़ सुबह श्याम अंकल से चुदवाती थीं और रात को भी।
उनकी सेक्स लाइफ बहुत अच्छी थी।
मम्मी ने मुझे एक बार बताया कि श्याम अंकल उनको रोज़ 2-3 बार चोदते हैं और वह बहुत संतुष्ट हैं।
मैं भी अब खुश था क्योंकि मम्मी खुश थीं।
मैंने अपनी पढ़ाई पूरी की और एक अच्छी नौकरी लग गई।
मैंने शहर में एक लड़की से शादी कर ली जिसका नाम रिहाना है।
रिहाना भी बहुत सेक्सी है और हमारी शादीशुदा जिंदगी बहुत अच्छी है।
छोटा आर्यन अब 2 साल का हो गया है और वह बहुत शरारती है।
मम्मी और श्याम अंकल अभी भी उतने ही प्यार में हैं जितने पहले थे।
मम्मी अब 45 साल की हो गई हैं लेकिन वह अभी भी बहुत जवान और सेक्सी लगती हैं।
श्याम अंकल उनको रोज़ चोदते हैं और मम्मी उनकी रखैल बनकर रहती हैं।
हमारा परिवार अब पूरा है और सभी खुश हैं।
मम्मी को वह प्यार और सेक्सुअल सैटिस्फैक्शन मिल गया जो उन्हें मेरे पापा से नहीं मिला था।
मैं भी खुश हूँ कि मम्मी ने अपनी जिंदगी में सही फैसला लिया।
तो दोस्तों, यह थी मेरी माँ निर्मला की कहानी जो एक संस्कारी औरत से एक रंडी और रखैल बनी
और फिर एक खुशहाल शादीशुदा जिंदगी जीने लगी।
उम्मीद है आपको यह कहानी पसंद आई होगी।
धन्यवाद!
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Wow! very nice ending.