पति ने रंडी के सामने मुझे नंगी किया- 2

hot callgirl and wife kahani

हॉट कॉलगर्ल और वाइफ कहानी में पत्नी से बदला लेने के लिए एक माल कॉलगर्ल को पत्नी के सामने घर बुलाकर पत्नी को उसके सामने कपड़े उतारने को कहा.

दोस्तो, मैं अनुराग अग्रवाल उर्फ अन्नू मेरठ से एक बार पुनः अपनी सेक्स कहानी के अगले भाग के साथ हाजिर हूँ.
कहानी के पहले भाग पति ने रंडी के सामने मुझे नंगी किया- 1 में अब तक आप मेरी पाठिका अदिति से सुन रहे थे कि उसके पति सुरेश ने उसे मेरे साथ सेक्स चैट करते हुए देख लिया था और वे नाराज हो गए थे.
अदिति ने उन्हें मनाने की बहुत कोशिश की मगर सुरेश ने उससे कह दिया कि वह कल उसे इसका सबक सिखाएगा.

अब आगे हॉट कॉलगर्ल और वाइफ कहानी आप अदिति से ही सुनें :

दूसरे दिन शाम को आफिस से जब सुरेश वापिस आए तो उन्होंने मुझसे कहा कि अन्दर अलमारी में रखी वह विहस्की की बोतल निकाल कर लाओ.
मैं उनकी बात सुनकर दारू लेने चली गई.

उन्होंने बेडरूम का ए.सी. चालू किया और दो-तीन फोन घुमाए.

थोड़ी देर बाद घर की बेल बजी तो खुद ही उठकर गए.
जब वह वापिस आए तो उनके साथ एक बेहद गोरी चिट्टी हसीन लम्बी, सेक्सी 22-23 साल की कमसिन जवान लौंडिया थी.
उसने काले रंग की टी-शर्ट और नीले रंग की जींस पहनी हुई थी, उसके दूध मस्त उठे हुए थे.

मेरी नजर उन दोनों को ही घूर रही थी.
सुरेश ने मेरी परवाह किए बगैर ही मेरे सामने ही उसके गले में हाथ डाला और खड़े-खड़े ही अपने होंठ उसके होंठों से मिला दिए.

थोड़ी देरे तक उसके होंठ चूसने के बाद उसे अपने साथ ही सोफे पर बिठा लिया.
फिर मेरे पति मुझसे बोले- चल हमारे लिए ड्रिंक बना कुतिया!

उस लड़की के सामने सुरेश की ऐसी बातों से मैं बहुत दुखी हुई और मन ही मन अपने आपको कोस रही थी कि मैंने काश उस दिन लैपटाप ऐसे खुला ना छोड़ा होता तो आज ये दिन नहीं देखना पड़ता.

मैं मन ही मन सोच रही थी कि सुरेश ने मुझसे बदला लेने के लिए किसी कॉलगर्ल को बुलाया है.

मैं- जी, अभी बनाती हूँ.
मैंने सुरेश और उस लड़की के लिए दो पैग बनाए और उस कमरे से जाने लगी.

तभी सुरेश ने मुझसे कहा- ओए कुतिया, कहां जा रही है. बैठ यहीं हमारे सामने!
मैं चुपचाप सुरेश की बात सुनकर उन दोनों के सामने ही सोफे पर बैठ गयी.

वे दोनों आपस में बातें करते रहे और शराब पीते रहे.
मैं अपना सिर नीचे किए बेवकूफों की तरह उन दोनों को शराब पीते देख रही थी.

फिर 3 पैग लगाने के बाद सुरेश उठे और मेरे पास आए, मुझे बांह पकड़ कर खड़ा किया.
मुझे लगा कि शायद सुरेश मुझे इस बेडरूम से बाहर निकालेंगे, मगर सुरेश ने मेरी साड़ी पकड़ी और खींच कर खोलने लगे.

मैंने सुरेश से इस बात का विरोध किया- सुरेश आप ये क्या कर रहे हो?

मगर सुरेश को तो मानो कोई जनून सवार था.

वह लड़की जिसे सुरेश ने बुलाया था, उसने भी सुरेश से कहा- रहने दो ना सर … इनको जाने दो या फिर मैं चली जाती हूँ.

मगर सुरेश ने उसे भी डांट दिया- चुप बहनचोद … साली रांड तुझे दस हजार रूपये किस बात के दिए हैं. चुप बैठ … और देखती रह. जैसा तुझसे बोलूं बस वैसा करती रह!
वह लड़की एकदम चुप हो गयी और चुपचाप बैठ गई.

मेरी साड़ी खुल चुकी थी, अब सुरेश ने मेरा ब्लाउज पकड़ कर खींचा.
मैंने वापस से सुरेश को रोकना चाहा पर छीना छपटी में मेरा रूबिया का ब्लाउज भी फटकर तार-तार हो गया.

सुरेश पर एक तो अलग ही किस्म का नशा हावी होने लगा था.
मेरे प्रति उनका गुस्सा अभी तक कम नहीं हुआ था.

मुझे ऐसा लग रहा था कि शायद मेरे पति आज मुझे सजा देने के लिए इस लड़की के सामने ही मेरी चुदाई करेंगे.

मैं अब सुरेश के सामने ब्रा और पेटीकोट में ही खड़ी थी.
मैंने अपने दोनों हाथों से अपने शरीर को छुपाने की नाकाम कोशिश की … पर सुरेश ने मुझे उल्टा करके मेरी ब्रा की स्ट्रिप और मेरे पेटीकोट को भी एक झटके में मेरे शरीर से अलग कर दिया.

मेरे शरीर पर बस अब पैंटी ही थी, उसे भी सुरेश ने अपने हाथों से फाड़ दिया.
मैं अब सुरेश और उस लड़की के सामने बिल्कुल नंगी खड़ी हुई अपनी किस्मत को कोस रही थी.

मै रोती गिड़गिड़ाती हुई सुरेश से माफी मांगे जा रही थी- सुरेश, मुझे माफ कर दो. प्लीज सुरेश … ऐसा मत करो … मुझे जाने दो … तुम्हें जो भी करना है इसके साथ करो … पर मुझे जाने दो!
पर सुरेश पर ना जाने कितना गुस्सा हावी था.

सुरेश- बहनचोद छिनाल … कुतिया … हरामजादी तुझ पर बहुत गर्मी चढ़ी है न … आज तुझे मजा चखाऊंगा … भोसड़ी वाली … मेरे पीछे तू भी चुदवाती है ना अपने यार अनुराग से … कुतिया, साली.
सुरेश ने मुझे बेड पर धक्का दे दिया … और एक ही झटके में अपने भी सारे कपड़े उतार दिए.

सुरेश उस लड़की से जिसका नाम काजल था.
उससे कहा- काजल डार्लिंग, दिखाओ अपना हुस्न … इस रंडी के सामने!

शायद अब उस लड़की को भी लग रहा था कि हम दोनों पति-पत्नी के बीच कुछ गड़बड़ है, वह सुरेश से बोली- सर यदि आप दोनों में कोई दिक्कत है तो मैं चली जाती हूँ!
सुरेश- चुप बैठ कुतिया, सारे मूड की मां मत चोद … चुप एकदम … उतार अपने कपड़े या तेरे भी इस छिनाल की तरह फाड़ दूँगा! तू हमारे चक्कर में ना पड़, जैसा तुझसे बोला जाए बस वह कर!

अब वह बेचारी क्या करती, बेमन से उसने भी अपने सारे कपड़े उतार दिए.
अब बेडरूम में हम तीनों ही आदमजात नंग धड़ंग थे.

सुरेश ने मुझे बेड पर धक्का दे दिया था और खुद चढ़कर मेरे सीने पर बैठ गए.

उन्होंने अपना मूसल लंड मेरे चेहरे पर लगाया और काजल से बोले- चल चूस मेरे लंड को!
वह आगे को आई.

सुरेश ने इस बार उस लड़की से कहा- मेरे लंड को ऐसे चूस कि तेरी लार इस छिनाल के मुँह में गिरती रहे!
वह बेचारी तो पैसे की गुड़िया, उसे कहां मना करना था.

वह मेरे मुँह के पास आकर झुकी और मेरे चेहरे के सामने मेरे पति का लंड अपने मुँह में लेकर चूसने लगी.

दोस्तो, मैं अन्नू यहां आपको रोक रहा हूँ. इधर एक बात गौर करने वाली है कि जब किसी आदमी या औरत पर गुस्सा हावी होता है तो वह कुछ भी करता है … अपनी पत्नी या गर्लफ्रेंड को अपने सामने किसी से चुदवा देता है.

वह कुछ भी करता है, मेरे पास ऐसे बहुत सारे मेल आते हैं. उनमें लिखा होता है कि आदमी अपनी खुद की बीवी को अपने सामने ही किसी और से चुदवाते हुए देखना पसंद करते हैं … अपनी बीवी का गैंग बैंग करवाने की बातें करते हैं. ऐसी ही कुछ और कहानियां भी हैं.

ऐसी ही एक कहानी मेरी महिला मित्र ने मुझसे शेयर की थी कि उसका पति बात-बात पर उसे परेशान करता था. वह उसके साथ सेक्स भी वहशी तरीके से करता था. जब तक वह उसे दर्द नहीं दे देता था, उसे मजा नहीं आता था.

ऐसी औरत अन्दर ही अन्दर क्रोध के गुबार से भरी रहती है और जब भी उसे मौका मिलता है, वह उस गुबार को अपने तरीके से निकाल देती है.

उस कहानी में उस औरत ने अपने इस गुबार को निकालने का एक अच्छा तरीका ढूंढा था. उसने बाजार से एक जिगोलो हायर किया और जैसा उसका पति उसके साथ करता था वैसा ही उसने उस जिगोलो के साथ किया.

दोस्तो, वह बहुत ही मजेदार सेक्स कहानी है, मैं बाद में उसे आपके साथ विस्तार से शेयर करूंगा.

फिलहाल आप इस ओरिजनल कहानी का मजा लें.

मेरी (अदिति की) आंखों से आंसुओं की अविरल धारा निकल रही थी.

मैं सुरेश से बार-बार माफी मांग रही थी- सुरेश मुझे माफ कर दो … प्लीज जाने दो मुझे … तुम्हें जो भी करना है इसके साथ करो!
सुरेश- चुप छिनाल कुतिया हरामजादी आज तुझे पता लगेगा कि मेरे पीछे ये सब करने का क्या अंजाम होता है? ओए बहनचोद रांड … तू क्यों रूक गई मादरचोद … चूस मेरे लंड को …

काजल से सुरेश ने कहा, तो वह वापस लंड चूसने में लग गई.

मेरे पति सुरेश मुझे बेहद प्यार करते थे, मेरी एक आवाज पर ही मेरी सारी जरूरतों की पूर्ति कर देते थे.
आज वे मेरे साथ वह सब कर रहे थे जो मैंने कभी सपने में भी नहीं सोचा था.

काजल मेरे मुँह के ऊपर सुरेश का लंड चूस रही थी और उस लंड के चूसने से उसके मुँह की लार मेरे चेहरे पर गिर रही थी.
सुरेश अपनी आंख बंद करके उसकी लंड चुसाई का आनन्द ले रहा था … और मैं उस अपराध की सजा भुगत रही थी, जो मैंने कभी की ही नहीं थी.

मैं तो बस अनुराग जी की कहानियों को आनन्द लिया करती थी और एक दोस्त के नाते उनसे हंसी मजाक कर लिया करती थी.
पर मुझे नहीं पता था कि इसकी मुझे अपनी ही पति के द्वारा ऐसी सजा मिलेगी.

सुरेश निरंतर गाली देते हुए उस कॉल गर्ल काजल से अपना लंड चुसवा रहे थे और उसकी लार मेरे मुँह पर गिर रही थी.

मैं अपने आपको बहुत लज्जित महसूस कर रही थी … और मन ही मन अपने आपको कोस रही थी.

मेरे मन में बस यही चल रहा था कि मेरा पति जो मुझे बेहद प्यार करता था, वह आज मुझे एक रंडी के सामने ऐसे अपमानित कर रहा था.
काजल की मस्त लंड चुसाई से 3-4 मिनट में ही सुरेश के लंड ने फव्वारा छोड़ दिया जो काजल के मुँह से होते हुए मेरे मुँह पर आकर गिरने लगा.

यह वही वीर्य था, जिसे मैं अपने बदन पर लगा कर बेहद खुश होती थी, जिसकी मैं बूंद-बूंद चाट जाया करती थी, मगर आज वह मुझे किसी जहर या किसी तेजाब से कम नहीं लग रहा था.
मेरा सारा चेहरा सुरेश के वीर्य से लथपथ हो गया था.

सुरेश ने काजल से कहा- मेरी जान … अब इस कुतिया के चेहरे को अपनी जीभ से चाटो.

काजल ने सुरेश की ओर देखा और कहा- सर … प्लीज नहीं!
सुरेश- नाटक मत कर बहनचोद, जो कह रहा हूँ वह कर … मना तो ऐसे कर रही है जैसे तूने कभी किसी के लौड़े के माल को चाटा ही न हो!

सुरेश पर तो मानो भूत सवार था.
वह अपने लंड को हाथ में पकड़ कर सामने सोफे पर बैठ गया और उस रंडी से कहने लगा- चाट इस कुतिया का चेहरा!

काजल बेचारी क्या करती.
उसने अपनी जीभ से मेरे चेहरे पर पड़ी उन वीर्य की बूंदों को बड़े ही बेमन से चाटना शुरू कर दिया.

मेरे पति सुरेश सामने बैठ कर सिगरेट पीते हुए इस सबका आनन्द ले रहे थे.
मेरी आंखों से आंसुओं की अविरल धारा बह रही थी.

पर सुरेश को मेरे रोने से कोई फर्क नहीं पड़ रहा था … उल्टा वे मेरी स्थिति को देख-देख कर खुश हो रहे थे.

मैं मन ही मन सोच रही थी कि कोई पति ऐसा भी करता है क्या?
काजल ने मेरे सारे चेहरे को अपनी जीभ से साफ कर दिया.

सुरेश- चल उठ कुतिया … हमारे लिए एक ड्रिंक बना … और एक ड्रिंक अपने लिए भी बना. फिर मजा आएगा.
मैं- नहीं, मैं नहीं पियूंगी …

मुझे अब सुरेश पर गुस्सा आने लगा था, पर मैं क्या कर सकती थी.
मैंने ऐसे ही उठकर दोनों के लिए ड्रिंक बनाई और कमरे से बाहर जाने लगी.

सुरेश- कहां जा रही है मादरचोद कुतिया … बैठ यहीं हमारे सामने. तू भी आज हमारे साथ ड्रिंक करेगी!
‘नहीं, सुरेश!’
‘चुप बिल्कुल, जैसा बोल रहा हूँ वैसा कर!’

सुरेश पर अभी भी गुस्सा हावी था.
वैसे मैंने एक-दो बार सुरेश के साथ ड्रिंक की थी.
पर दोस्तो, जब मूड अच्छा होता है तो कुछ भी करने का दिल करता है, परन्तु जबरदस्ती करने में वह मजा नहीं होता.

यह हॉट कॉलगर्ल और वाइफ कहानी मेरी वास्तविक स्थिति पर आधारित सेक्स कहानी है, तो इसमें आपको ज्यादा कामुक सीन नहीं मिलेंगे.

आपके विचारों का स्वागत है, इसके अगले भाग में मैं अपनी वासना को भी लिखूँगी कि अपने सामने उस कॉल गर्ल की मेरे पति के लंड से चुदाई हुई तब मुझे क्या हुआ.

नोट: यहां पोस्ट की गई सभी कहानियां केवल मनोरंजन के उद्देश्य से प्रस्तुत की गई हैं। कृपया इन्हें वास्तविक जीवन से जोड़कर न देखें। कहानी में दर्शाए गए किसी भी दृश्य, घटना या चित्र का वास्तविक जीवन में प्रयोग करना हानिकारक हो सकता है। इसके लिए न तो कहानी के लेखक और न ही प्रस्तुतकर्ता जिम्मेदार होंगे। इसलिए कृपया अपनी समझ, बुद्धि और विवेक का उपयोग करें।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top